महिला क्रिकेट का एक ऐतिहासिक क्षण – बांग्लादेश की ट्रिपल एंट्री
जब एक क्रिकेट लीग नई पीढ़ी में कदम रखती है, तो इतिहास आपकी उलझन सुलझा देता है। जी हां, बांग्लादेश की तीन महिला क्रिकेटरों का Women’s Premier League (WPL) में पहली बार प्रवेश होने जा रहा है। और यही नहीं, इनमें से एक महिला क्रिकेटर, जिसका नाम मरुफा अक्तर है, वह पिच पर अपनी तेज गेंदबाजी के साथ धुआंधार प्रदर्शन करने वाली हैं।
वो चार्चित हुई बोली लड़ाई में एक saheli नाम हैं, जिसके चर्चे सबसे अधिक हो रहे हैं। वो हैं भारतीय ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा, जिन्होंने हाल ही में Player of the Tournament का खिताब जीता है।
बांग्लादेश की इतनी बड़ी लीग कभी नहीं दिखी
आजतक किसी भी बांगलादेशी क्रिकेटर को WPL के मैदान में खुद को साबित करने का मौका नहीं मिला था। लेकिन 27 नवंबर को ये सब बदलने जा रहा है, क्योंकि उसी दिन मरुफा अक्तर, साथ ही उनकी दो सहपाठी महिलाएं भी WPL में नीलाम होने जा रही हैं।
मरुफा की तेज गेंदबाजी ने स्काउट्स और टीम स्ट्रेटेजिस्ट्स को 2025 के महिला ODI वर्ल्ड कप में खूब अकर्षित किया। मरुफा के समावेशन से लीग के फैन बेस को भी बढ़ाने की उम्मीद है।
यहांगिरी- शर्मा, लैनिंग, हीली पैक की आगंतुकता
जबकि बांग्लादेशी त्रिवेणी ने इतिहास रचा है, वहीं, दीप्ति शर्मा, मेग लैनिंग और एलिसा हीली जैसी दिग्गज स्टार्स का नाम जबरदस्त ऑफर कर रही है।
क्यों कुछ अलग लग रहा है इस बोली का
WPL में हम देख रहें हैं खुद को एक नए युग का भाग समझते हुए। जिसमें अधिक खिलाड़ी चुनने के साथ-साथ बांग्लादेश जैसे देशों से खिलाड़ियों के शामिल होने की मांग चर्चा का विषय है।
महत्वपूर्ण निर्णय – किसी को चुनने का समय
इस बोली ने सर्वसुखी व्यवस्था को विस्तार दिया है। और बांगलादेश से खिलाड़ी इसमें शामिल होने से इसे विस्तृत और शामिल होने का संदेश दिया। इससे धका और दिनाजपुर की छोटी लड़कियां भी एक नया सपना देख सकती हैं।
27 नवम्बर की बोली, यानि इतिहास का वो मोड़ जो विश्वस्तरीय स्टारों को बाँस देने और बांग्लादेश को खुद को साबित करने के लिए तैयार कर रहा है। सारी दुनिया नई दिल्ली की लीग का इंतजार कर रही है, जहां इतिहास बनेगा, नीलामी के हर बोल के साथ।






